भिवानी सैनिक कैंटीन का निरीक्षण किया गया, जिसमें पूर्व सैनिकों और उनके परिजनों को मिलने वाली सुविधाओं का जायजा लिया गया। दिवाली और त्योहारी सीजन को देखते हुए कैंटीन में ग्रॉसरी और अन्य आवश्यक वस्तुओं का पर्याप्त स्टॉक सुनिश्चित करने के सख्त निर्देश दिए गए हैं, ताकि किसी भी प्रकार की कमी न हो। बाढड़ा, झोझू, चरखी दादरी और भिवानी की चार कैंटीनों का दौरा कर व्यवस्थाओं की समीक्षा की गई। भिवानी कैंटीन में जगह की कमी को देखते हुए इसे शिफ्ट करने और नई लोकेशन की तलाश पर भी विचार किया जा रहा है, जहाँ पार्किंग और अन्य सुविधाएं हों। जींद की तर्ज पर सैनिक बोर्ड, कैंटीन और ईसीएचएस को एक परिसर में लाने की योजना पर भी चर्चा हुई।